समुद्र में लगातार 321 दिन बिताने के बाद अमेरिकी नौसेना का विमानवाहक पोत USS Abraham Lincoln गुरुवार, 8 अक्टूबर 2026 को सैन डिएगो के नेवल एयर स्टेशन नॉर्थ आइलैंड लौट आया। 21 नवंबर 2025 को शुरू हुई यह USS Abraham Lincoln deployment अमेरिकी नौसेना के इतिहास की सबसे लंबी और कठिन तैनातियों में से एक बन गई है — एक ऐसी यात्रा, जिसमें रिकॉर्ड भी बने और जंग भी लड़ी गई।
इस तैनाती के दौरान पोत ने लगातार 265 दिन बिना किसी बंदरगाह पर रुके समुद्र में बिताए — यह नौसेना का रिकॉर्ड है, जिसने 2020 में USS Dwight D. Eisenhower के 206 दिनों के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया। कुल मिलाकर जहाज ने 93,000 से ज्यादा नॉटिकल मील की यात्रा की, और यह शीत युद्ध के बाद दूसरी सबसे लंबी तैनाती है — इसी साल USS Gerald R. Ford ने 326 दिनों की तैनाती पूरी की थी।
USS Abraham Lincoln deployment: ईरान के खिलाफ ऑपरेशन एपिक फ्यूरी
दरअसल, यह पोत मूल रूप से इंडो-पैसिफिक क्षेत्र के लिए रवाना हुआ था, लेकिन बाद में इसे मध्य पूर्व की ओर मोड़ दिया गया। वजह थी 28 फरवरी को ईरान के खिलाफ शुरू हुआ अमेरिकी सैन्य अभियान — ऑपरेशन एपिक फ्यूरी। इस अभियान में स्ट्राइक ग्रुप ने करीब 3,693 से 4,000 लड़ाकू उड़ानें भरीं, 77 वन-वे अटैक ड्रोन मार गिराए, ईरान के 64 जहाज डुबोए और 15 लाख पाउंड का गोला-बारूद गिराया। पोत ने कुल 200 दिन युद्ध क्षेत्र में बिताए।
7 अक्टूबर को रक्षा सचिव पीट हेगसेथ खुद पोत पर पहुंचे और घोषणा की कि स्ट्राइक ग्रुप को प्रेसिडेंशियल यूनिट साइटेशन से सम्मानित किया जाएगा — यह युद्ध में वीरता के लिए दिया जाने वाला सबसे बड़ा यूनिट-स्तरीय सम्मान है। उन्होंने क्रू को बताया कि उन्होंने दो बार तैनाती बढ़ाने के आदेश पर हस्ताक्षर किए थे, जिसकी वजह से पोत इतने लंबे समय तक समुद्र में रहा।
घर वापसी: हजारों अपनों का स्वागत, 300 नवजात और 122 पहली मुलाकातें
वापसी का नज़ारा बेहद भावुक था। नॉर्थ आइलैंड और MCAS मिरामार में हजारों परिजन अपने अपनों के स्वागत के लिए इकट्ठा हुए थे। बताया जा रहा है कि इस 10 महीने की तैनाती के दौरान करीब 300 बच्चों का जन्म हुआ, और 122 नाविक पहली बार अपने बच्चों से मिले। महीनों तक समुद्र में रहने के बाद परिवारों से मिलन की ये तस्वीरें हर किसी को भावुक कर गईं।
तैनाती की अंधेरी तस्वीर: आत्महत्या के प्रयास और गंभीर आरोप
लेकिन इस ऐतिहासिक तैनाती की एक चिंताजनक तस्वीर भी सामने आई है, जिसे सावधानी से देखना जरूरी है। नौसेना के नेतृत्व ने पुष्टि की है कि तैनाती के दौरान पोत पर आत्महत्या के आठ प्रयास हुए। वहीं, परिवारों ने खाने की कमी और पानी के दूषित होने के आरोप लगाए हैं — इन आरोपों पर सांसदों की भी नजर है और मामले की गंभीरता से जांच की मांग उठ रही है।
फिलहाल, USS Abraham Lincoln की वापसी अमेरिकी नौसेना के लिए गर्व का क्षण है, लेकिन साथ ही यह सवाल भी छोड़ गई है कि लंबी तैनातियों में सैनिकों के मानसिक स्वास्थ्य और बुनियादी सुविधाओं की रक्षा कैसे हो। आने वाले दिनों में इन सवालों के जवाब भी सामने आने की उम्मीद है।















