देहरादून। उत्तराखंड के ऊंचे हिमालयी क्षेत्र में स्थित सिखों के पवित्र तीर्थस्थल श्री हेमकुंट साहिब की यात्रा को लेकर इन दिनों सोशल मीडिया पर कई तरह की बातें तैर रही हैं। लेकिन अगर आप भी इन खबरों को देखकर असमंजस में हैं, तो आपके लिए एक बड़ी राहत की खबर है। दरअसल, यात्रा पूरी कर लौट रहे श्रद्धालुओं का कहना है कि सोशल मीडिया पर सिर्फ व्यूज और लाइक्स बटोरने के चक्कर में कुछ लोग यात्रा को लेकर अफवाहें फैला रहे हैं। जमीनी हकीकत इसके बिल्कुल उलट है। प्रशासन और गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के मुस्तैद इंतजामों के बीच हेमकुंट साहिब यात्रा पूरी तरह सुरक्षित और सुचारू रूप से चल रही है।
पंजाब से अपने परिवार के साथ दर्शन करने आईं श्रद्धालु सुखबीर कौर ने अपना अनुभव साझा करते हुए इन अफवाहों की हवा निकाल दी। उन्होंने बताया कि वह बीते 19 जून को अपने परिवार के साथ घर से निकली थीं। रास्ते में कई लोगों ने उन्हें सोशल मीडिया के दावों का हवाला देते हुए यात्रा को लेकर डराया और सतर्क रहने को कहा। लेकिन जब वह मंगलवार को दर्शन करके सकुशल गोविंदघाट वापस लौटीं, तो उनके मन का सारा डर दूर हो चुका था। सुखबीर कौर के मुताबिक, पूरी यात्रा के दौरान उन्हें या उनके परिवार को कहीं भी किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा।
प्रशासन और स्थानीय लोगों का मिल रहा भरपूर साथ
श्रद्धालुओं का कहना है कि यात्रा मार्ग पर इस बार काफी भीड़ है, लेकिन इसके बावजूद व्यवस्थाएं चाक-चौबन्द हैं। स्थानीय प्रशासन से लेकर गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी पूरी क्षमता के साथ तीर्थयात्रियों की सेवा में जुटी हुई है। रास्ते में मेडिकल फैसिलिटी से लेकर रहने और खाने-पीने के पर्याप्त इंतजाम किए गए हैं। सबसे खास बात यह है कि मुश्किल रास्तों पर स्थानीय लोग भी दिल खोलकर यात्रियों की मदद कर रहे हैं। यही वजह है कि दर्शन करके लौट रहे लोग सोशल मीडिया पर चल रहे दावों को सिरे से खारिज कर रहे हैं।
व्यूज के चक्कर में माहौल बिगाड़ने की कोशिश!
यात्रा संपन्न कर चुके कई अन्य तीर्थयात्रियों ने भी वीडियो बयान जारी कर जमीनी सच्चाई बयां की है। उनका कहना है कि कुछ लोग सिर्फ अपने सोशल मीडिया पेजों की रीच बढ़ाने के लिए भ्रामक जानकारियां फैलाकर माहौल खराब करने की कोशिश कर रहे हैं। जबकि हकीकत यह है कि भारी भीड़ होने के बाद भी पुलिस-प्रशासन का रवैया बेहद सहयोगात्मक है। यात्रियों ने साफ कहा कि सोशल मीडिया की अफवाहों पर ध्यान देने के बजाय लोग पूरे भरोसे के साथ आएं और गुरुघर के दर्शन कर पुण्य लाभ कमाएं। यात्रा हमेशा की तरह शांतिपूर्ण और पवित्र माहौल में आगे बढ़ रही है।
असल में, चारधाम यात्रा और हेमकुंट साहिब जैसे संवेदनशील रूटों पर मौसम और भीड़ को लेकर अक्सर सोशल मीडिया पर बढ़ा-चढ़ाकर चीजें पेश की जाती हैं। ऐसे में चमोली पुलिस और प्रशासन भी लगातार नजर बनाए हुए है ताकि किसी भी तरह की गलत सूचना श्रद्धालुओं को गुमराह न कर सके। अगर आप भी इस पावन यात्रा पर निकलने की सोच रहे हैं, तो बिना किसी खौफ के अपनी योजना बना सकते हैं।
