मौसम क्रिकेट ऑपरेशन सिंदूर क्रिकेट स्पोर्ट्स बॉलीवुड जॉब - एजुकेशन बिजनेस लाइफस्टाइल देश विदेश राशिफल लाइफ - साइंस आध्यात्मिक अन्य
हरिद्वार कुंभ 2027 — उत्तराखण्ड शासन

आधी रात को कांपा उत्तरकाशी: 4.2 तीव्रता का भूकंप, चमोली-पिथौरागढ़ समेत 49 जगहें डेंजर जोन घोषित

On: August 10, 2026 12:03 PM
Follow Us:
---Advertisement---
वित्तीय प्रबंधन में श्रेष्ठ प्रदर्शन — उत्तराखण्ड शासन

उत्तरकाशी। जिले में सोमवार आधी रात को आए भूकंप के तेज झटकों से हड़कंप मच गया। रात करीब 1:21:34 बजे धरती हिलने से घबराए लोग घरों से बाहर सड़कों पर निकल आए। राहत की बात यह रही कि किसी जान-माल के नुकसान की सूचना नहीं मिली, जिससे प्रशासन और स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली।

10 किलोमीटर गहराई में था केंद्र, कई तहसीलों में महसूस हुए झटके

आधिकारिक जानकारी के अनुसार रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 4.2 मैग्नीट्यूड दर्ज की गई। इसका केंद्र बड़कोट क्षेत्र के राजगढ़ के जंगलों में जमीन से 10 किलोमीटर की गहराई पर था। जनपद आपातकालीन परिचालन केंद्र को मिली रिपोर्ट के मुताबिक पुरोला, मोरी, बड़कोट और चिन्यालीसौड़ समेत कई तहसीलों में झटके महसूस किए गए, हालांकि शुरुआती सूचना के अनुसार कहीं से नुकसान की खबर नहीं है।

तीन जिलों में 49 डेंजर जोन चिह्नित

वहीं प्राकृतिक आपदाओं के खतरे को लेकर राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अध्ययन में बड़ा खुलासा हुआ है। चमोली, पिथौरागढ़ और उत्तरकाशी जिलों में कुल 49 संवेदनशील स्थान चिह्नित किए गए हैं। अतीत की आपदाओं और धराली जैसी घटनाओं से सबक लेते हुए प्राधिकरण ने सीमांत पर्वतीय जिलों में मलबा बहाव के खतरे का गहन अध्ययन किया, जिसमें चेतावनी दी गई है कि भविष्य में इन क्षेत्रों में मलबे के तेज बहाव से भारी तबाही हो सकती है।

अध्ययन के दौरान भौगोलिक स्थिति, पुराने भूस्खलन के निशान, ग्लेशियर, ड्रेनेज चैनल के साथ बस्तियों और सड़कों की स्थिति का जायजा लिया गया। रिपोर्ट के अनुसार इन 49 स्थानों में से 11 को ‘हाई रिस्क’, 30 को ‘मीडियम रिस्क’ और 8 को ‘लो रिस्क’ श्रेणी में रखा गया है। आपदा प्रबंधन सचिव विनोद सुमन ने बताया कि संबंधित जिलाधिकारियों को इन स्थलों की जमीनी जांच कर जोखिम न्यूनीकरण की विस्तृत रिपोर्ट शासन को भेजने के निर्देश दिए गए हैं।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment